इस IPL सीजन के दौरान दूरी बनाएंगे क्रिप्टोकरेंसी एक्सचेंज, नहीं करेंगे विज्ञापन

इस साल भारत में होने वाले इंडियन प्रीमियर लीग के दौरान कई क्रिप्टोकरेंसी एक्सचैंजेस ने विज्ञापन न करने का निर्णय लिया है। जबकि पिछले साल इन्ही क्रिप्टोकरेंसी एक्सचैंजेस ने विज्ञापन के दौरान करीबन 90 करोड़ रूपये तक का खर्च किया गया है।

इकनोमिक टाइम्स पर छपी गई इस खबर के अनुसार, क्रिप्टो एक्सचैंजेस WazirX के चीफ एक्जीक्यूटिव “निश्चल शेट्टी” द्वारा ट्विटर कर इस बात की जानकारी दी है। जिसपर उन्होंने कहा है कि इस साल इंडियन प्रीमियर लीग के दौरान कोई भी क्रिप्टो एक्सचेंज के द्वारा विज्ञापन नही छापा जायेगा। उनके द्वारा कहा गया है कि इस निर्णय को ब्लॉकचैन और क्रिप्टो एसेट्स काउंसिल के द्वारा लिया गया है। जिसमे कई साड़ी क्रिप्टोकरेंसी एक्सचैंजेस शामिल है।

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भारत में सबसे मशहूर खेल क्रिकेट विश्व कप के दौरान लोगो के बीच बिट्ज़ लगाने का क्रेज़ भी बढ़ गया था और यह क्रेज़ लोगो के बिच चार गुना तक बढ़ गई है और साथ ही इसने अपनी पहचान क्रिप्टोकरेंसी में इन्वेस्ट करने जितनी बढ़ा दी है।

मीडिया बायिंग एग्जिक्यूटिव्स के अनुसार डिज्नी स्टार नेटवर्क इस साल अपने प्रचार पर 5,000 करोड़ रुपये से ज्यादा खर्च कर सकता है। जिसमे से वह 90% तक पहले ही लगा चुके है। आपको बता दे कि इस साल आई पी एल में 2 नई टीम शामिल हुई है। जिसमे गुजरात टाइटन्स और लखनऊ सुपर जायंट्स टीम शामिल है।

पिछले ही महीने की बात करे तो स्टैंडर्ड काउंसिल ऑफ इंडिया नियामक उद्योग निकाय द्वारा क्रिप्टो और अपूरणीय टोकन के साथ ही दूसरी डिजिटल करेंसी के प्रचार किये जाने पर कुछ दिशानिर्देश जारी किये गए है।

ऐ इस सी आई द्वारा कहा गया कि इस साल के 1 अप्रैल से यह दिशानिर्देश किसी भी वर्चुअल डिजिटल एसेट से जुड़े हुए प्रचारो पर जारी किया जायेगा।

दिशानिर्देशों के हिसाब से वीडीए उत्पादों और एक्सचेंजों द्वारा प्रचारो में यह डिस्क्लेमर दिया जाना चाहिए और इसमें यह होना चाहिए कि क्रिप्टो उत्पाद और एन ए फटी में अनियमित हैं अत्यधिक जोखिम है इसमें आपको नुकसान हो सकता है और इससे आपको सोच समझ कर ही जुड़े।

प्रचार में दिए जाने वाला डिस्क्लेमर औसत ग्राहकों द्वारा प्रमुख और अस्वीकार्य होना ज़रूरी है। जिसमें एक बैकग्राउंड वौइस् में में डिस्क्लेमर दिए जाना चाहिए जोकि साफ़ और सीधे शब्दों में होनी चाहिए। दिशानिर्देशों के अनुसार इसमें बोलै गए शब्द जल्दी में नहीं होना चाहिए।

यदि कंपनी सोशल मीडिया में प्रचार करती है तो उसमे में भी कंपनी को प्रचार से पहले डिस्क्लेमर वीडियो के ज़रिये दिए जाना चाहिए।

वीडीए उत्पादों के सभी विज्ञानो में सही तरीके से प्रचार देने वाली कंपनी का नाम भी साफ़ रूप से होना ज़रूरी है और उसी के साथ उसमे कंपनी से संपर्क करने का आसान तरीका भी होना ज़रूरी है। 

साथ ही किसी भी विज्ञापन में कुछ ऐसी बाते नहीं होनी चाहिए जो भविष्य में मुनाफा होने की बात करते है और विज्ञापन में दिखाए गए जोखिमों को बढ़ाना चाहिए।

इन सभी के अलावा दिशानिर्देशों से यह भी बताया जाना चाहिए की वीडीए प्रचारो में होने वाले हस्ती को कहना चाहिए की यह सभी जोखिम भरे है और आप सोच समज कर ही अपने निर्णय ले। साथ ही इसमें कुछ ऐसे दावें नहीं होने चाहिए जो ग्राहकों को गुमराह करें।

तो आज आपने हमारे इस ब्लॉग के माध्यम से यह जाना है की क्यों कोई भी क्रिप्टो एक्सचेंज आई पी एल के दौरान अपना प्रचार नहीं करवा रहे है और साथ ही आपने इन स्टैंडर्ड काउंसिल ऑफ इंडिया नियामक उद्योग निकाय द्वारा क्रिप्टो और अपूरणीय टोकन के साथ ही दूसरी डिजिटल करेंसी के प्रचार के लिए किस तरह के दिशानिर्देश जारी किये गए है। यदि आप हमारे माध्यम से इस तरह की और भी खबरे पढ़ना चाहते है तो आप हमें इसके लिए फॉलो कर सकते है और साथ ही आप इससे अपने दोस्तों के बीच शेयर भी कर सकते है।

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